
भरम
जिंदगी गुरु बन, तब तक सबक दोहराती रही,
हमें तराशने और खोने-पाने के
भरम से निकालने के लिए,
जब तक इल्म सीख न लिया।
~ Dr. Rekha Rani ♥️
जिंदगी सबसे बड़ी गुरु है, जो हमें तब तक सबक सिखाती है जब तक हम ‘भरम’ से बाहर निकलकर असल ‘इल्म’ (ज्ञान) नहीं सीख लेते। डॉ. रेखा रानी की एक बेहद गहरी और प्रेरणादायक कविता।
तिमिर गया रवि देखते, कुमति गयी गुरु ज्ञान |
सुमति गयी अति लोभाते, भक्ति गयी अभिमान ||
Darkness disappears
when the sun arises
and ignorance goes away
by the Guru’s wisdom (gyan).
Wisdom is lost because of greed,
and devotion is lost because of ego.
~~ Kabir ❤