जीवन के रंग  – 31 सघन अँधेरा 


कालरात्रि सा सघन अँधेरा , 

आता  है जीवन में हर रोज़ .

पर 

आकाश के  एक एक कर 

बूझते सितारे,

करते है सूरज 

औ भोर की 

किरणों का आगाज …..

बस याद रखना है –

हर रात की  होती  है

 सुहानी भोर !!!



Lovers

“Lovers don’t finally meet somewhere.

They’re in each other all along.”

❤ ❤ Rumi

When the mind is pure

“We are shaped

by our thoughts;

we become what we think.

When the mind is pure,

joy follows like a shadow

that never leaves.”

~~ Buddha

Happiness

Probably the biggest insight…

is that happiness is not just a place but also a process. …

Happiness is an ongoing process of fresh challenges, and…

it takes the right attitudes and activities to continue to be happy.

~~   Ed Diener

लोग

 

लोगों को पढ़ते- पढ़ते

यह समझ आया

कुछ लोग बदलते नहीं हैं
बस
बेपर्द हो जाते हैं……..

जीवन में अर्थ

 

जीवन में अर्थ खोजते-खोजते समय निकल गया।

अर्थ समझ आया, तब जीवन निकल चुका था।

ठोकर

वक्त ने गुजरते-गुजरते

पलट कर पूछा –

जब भी होते हो खुश या दुखी ,

कहते हो – यह वक्त गुजर जायेगा।

फिर मेरे गुजरने पर याद क्यों करते हो?

हमने कहा, क्योंकि

तुम्हारी ठोकरों ने  हमें तराशा है………………

Mind and Body

“The secret of ,

for both mind and body

is not to mourn for the past,

nor to worry about the future,

but to live the present moment

wisely and earnestly.”

~~ Buddha ❤

 

तुलना

Accept your dear ones , as they are !!!!

आज कहीं कुछ पढ़ते हुए,

बरसों पुरानी अपनी ही बोली कुछ पंक्तियां याद आ गई  –

मेरी तुलना ना करो कोई…….

जैसी  हूँ बस मैं ऐसी ही हूँ !!!!!

मुझे  कविता से कहानी बनाने 

या 

 सुबह के सूरज के बदले, दिन का दमकता सूरज बनने ना कहो।

जैसी हूं वैसे ही रहने दो।

 इतने सालों बाद अपनी ही बातों 

        की गहराई अब समझ आती है …..

काल चक्र

जिंदगी के हसीन  पलों को

कितनी  भी बार कहो – थम जा !!

पर यह कब रुकता है?

पर दर्द भरे पलों का

बुलाअो या ना बुलाअो,

लगता है यह खिंचता हीं चला जा रहा है………

पता नहीं समय का खेल है या मन का?

पर इतना तो तय है –

वक्त बदलता रहता है………….

यह काल चक्र चलता रहता है।

जैसा भी समय हो,    बीत हीं जाता है ……….