चूहों का स्ट्राइक – व्यंग

पहलें बिहार, अब उत्तर प्रदेश के नाराज़

चूहे स्ट्राइक पर हैं, कहते है –

कुतरना हमारा जन्म सिद्ध अधिकार है

अपने लगातार बढ़ते दाँतों को तराशने के लिए।

पर बोतलें और शराब ? ना बाबा ना ……

हमारे ऊपर भी ढेरों जिन्मेदारियाँ हैं।

गणपति वाहन , करनी माता भक्त , ढेरों वैज्ञानिक शोध …….

अभी तक लगभग तीस नोबेल विजेताओं के काम

व दुनिया की  ख़ूबसूरती  प्रोडक्टस

हमारे बलिदान पर टिके हैं.

महाभारत में पांडवों को बचाने के लिए विदुर

ने हमारे टेक्नोलाजी का उदाहरण दिया था।

सच तो यह है कि पीते-पिलाते ख़ुद हो और नाम कमज़ोर का ?

कभी नशे में देखा है क्या हमें?

तुम्हें तो हमारे बिलों और हमारे नालियों के हाई-वे

के आस पास कई बार गिरे , नशे में चूर देखा है ।

हमारे नाम बदनाम ना करो,  वरना ……

पाईड पाइपर की ज़रूरत बस पड़ जाएगी तुम्हें,

अपने घर की नीवों को हमसे बचाने के लिए।

English news- Rats drank it’: Cops as 1,000 litres of seized liquor disappears from police station

https://m.hindustantimes.com/india-news/rats-drank-it-cops-as-1-000-litres-of-seized-liquor-disappears-from-police-station/story-29vyjzzRCsYj2RjAP0gBdO.html

Inshorts.

11 thoughts on “चूहों का स्ट्राइक – व्यंग

  1. वाह! शानदार तरीके से आपने लिखा,
    और हमारे देश के मिडिया भी ऐसे घोटाले को इस तरह से दिखाती है कि हम जनता को भी इस बात की अफसोस न हो।
    आपने सही जिक्र किया है कि ये जितने नुकसान पहुचाते है, उससे ज्यादा कहीं हमारे शोध के लिए आवश्यक हैं।

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    1. मुझे तो ये चूहे शनदार लगते हैं। जो पुलिस वालों को भी चकमा दे देते हैं। पता नहीं असल चूहा कभी पकङ में कभी आएगा या नहीं।
      Thank you Kumar.

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  2. haha, thoughtful. Writing this type of sarcasm require knowledge from so many different spheres. And that has been clearly portrayed by describing Hindu mythology, science, cartoons etc.

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