आप हैं यहीं कहीं! Happy Father’s Day!!

सब कहते हैं आप चले गए! पर आप हैं यही कहीं। महज़ साँसों की गिनती जीवन नहीं, उँगली थामें, जीती जागती, यादों का भी मोल है। बस देखने के लिए नज़रें चाहिए,

11 thoughts on “आप हैं यहीं कहीं! Happy Father’s Day!!

Leave a reply to Rekha Sahay Cancel reply