शुभ अक्षय तृतीया Happy Akshay Tritiya !!!

7 May – अक्षय तृतीया का महत्व।

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  • आज ही के दिन माँ गंगा का अवतरण धरती पर हुआ था
  • महर्षी परशुराम का जन्म आज ही के दिन हुआ था
  • माँ अन्नपूर्णा का जन्म भी आज ही के दिन हुआ था
  • द्रोपदी को चीरहरण से कृष्ण ने आज ही के दिन बचाया था
  •  कृष्ण और सुदामा का मिलन आज ही के दिन हुआ था
  • कुबेर को आज ही के दिन खजाना मिला था
  • सतयुग और त्रेता युग का प्रारम्भ आज ही के दिन हुआ था
  • ब्रह्मा जी के पुत्र अक्षय कुमार का अवतरण भी आज ही के दिन हुआ था
  • प्रसिद्ध तीर्थ स्थल श्री बद्री नारायण जी का कपाट आज ही के दिन खोला जाता है
  •  बृंदावन के बाँके बिहारी मंदिर में साल में केवल आज ही के दिन श्री विग्रह चरण के दर्शन होते है अन्यथा साल भर वो बस्त्र से ढके रहते है
  •  इसी दिन महाभारत का युद्ध समाप्त हुआ था

अक्षय तृतीया या आखा तीज वैशाख मास में शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को कहते हैं। पौराणिक ग्रंथों के अनुसार इस दिन जो भी शुभ कार्य किये जाते हैं, उनका अक्षय फल मिलता है। इसी कारण इसे अक्षय तृतीया कहा जाता है। वैसे तो सभी बारह महीनों की शुक्ल पक्षीय तृतीया शुभ होती है, किंतु वैशाख माह की तिथि स्वयंसिद्ध मुहूर्तो में मानी गई है।

Akshaya Tritiya