अंदर की रौशनी !!!

मान कर चलो कि ज़िंदगी में अच्छा…

सबसे अच्छा समय

अभी आना बाकी है।

अपने अंदर की रौशनी

कभी मरने न दो।

तुम्हारा अपना सर्वश्रेष्ठ

करना ही काफी है।

रौशनी!!!

मान कर चलो कि ज़िंदगी में अच्छा…

सबसे अच्छा समय

अभी आना बाकी है।

अपने अंदर की रौशनी

कभी मरने न दो।

तुम्हारा अपना सर्वश्रेष्ठ

करना ही काफी है।

ज़िंदगी के रंग – 53

सूरज ङूबने वाला था,

ना जाने क्यों ठिठका ?

अपनी लालिमा के साथ कुछ पल बिता

पलट कर बोला – अँधेरे से ङरना मत ।

यह रौशनी-अधंकार कालचक्र है।

नया सवेरा लेकर

मैं कल फिर आऊँगा !!!!!

 

 

image by Rekha Sahay

जीवन के  उजाले

जीवन के  उजाले में

साथ निभाने वाले कई  मिलते हैं

मज़ा तो तब है

जब  अंधेरे में भी साथ बैठने वाला…..

साथ देने वाला कोई हो।

असल रौशनी तो तब दिखती है।

दिवाली के जलते दिये

दिवाली के जलते दियों को

देख कर समझ आया

जलना कितना मुश्किल होता है।

लेकिन दीप की तरह जलनेवाले  

रौशनी बिखेर सकते हैं।

यह भी समझ आया।