दुनिया

दुनिया है बड़ी अजीब।

तोड़ते हैं लोग दिल और वादे।

पकड़ते हैं बातों को।

तोड़ते-मरोडते हैं बात बनाने के लिए बातों को।

फिर भी चाहतें हैं,

लोग उनकी बातों पर यक़ीन करें।

उनके हाथों तोड़े अपने दिल में उन्हें जगह दें।

Psychological Fact – The manipulator deliberately creates an imbalance of power and exploits the victim to serve his or her agenda.

Symptoms of manipulators – lying. Excuse-making. Being two-faced. Blaming the victim for causing their own victimization. Deformation of the truth.

4 thoughts on “दुनिया

  1. ठीक कहा आपने। अव्वल दर्ज़े के ख़ुदगर्ज़ और अपने आपको कुछ ज़्यादा ही सयाना समझने वाले लोग ऐसे ही होते हैं। वे काठ की हांडी को बार-बार आग पर रखना चाहते हैं।

    Liked by 1 person

    1. हाँ, अब तो ऐसे ही लोगों की तादाद ज़्यादा है। आपने यह काठ की हांडी का उदाहरण बिलकुल सही दिया है। शुक्रिया जितेंद्र जी।

      Liked by 1 person

Leave a Reply

Please log in using one of these methods to post your comment:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s