ज़िंदगी के रंग -231

ज़िंदगी के जंग में,

जब हम अपना सम्मान करना,

अपने लिए खड़े होना

सीखने लगते है।

तब कई लोग हम से

दूर हो जातें है।

वे साथ नहीं छोड़ते

क्योंकि वे कभी

साथ थे हीं नहीं।

बस दिखने लगती है

सब की फ़ितरत।

जो अपने हैं,

वो तो हमेशा

साथ खड़े मिलेंगे।

Why We Love Narcissists – Have you ever wondered why selfish, arrogant, and entitled individuals are so charming? These narcissistic people have parasitic effects on others/ society. Narcissists manipulate credit and blame in their favor.
Research by January 15, 2014

4 thoughts on “ज़िंदगी के रंग -231

  1. हम
    एक रोगाणु द्वारा
    आकार में
    एक इंसान के रूप में
    जीवन में डाल दो

    हमारे भीतर का अँधेरा
    सपने के माध्यम से है
    तस्वीरें
    अपने ही चेहरों से
    यादों में प्रबुद्ध

    हम की बुराई
    दुसरो की बुराई
    वे कैन
    जब यह हमें हिट करता है
    हमने क्या किया था
    तथ्य
    घाव
    स्थायी रूप से नहीं हटाएं

    अपने पास
    दुनिया में कार्य
    अन्य लोग
    हमारी छाया के साथ
    बोझ न डालना

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